
दोषियों पर सख्त कार्रवाई और मरीजों को बेहतर उपचार सुनिश्चित करने के दिए कड़े निर्देश
पिलखाभूमि सूरजपुर | प्रदेश की कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े आज अचानक सूरजपुर जिला अस्पताल पहुँचीं। उनके इस औचक निरीक्षण से अस्पताल प्रबंधन में हड़कंप मच गया। निरीक्षण के दौरान अस्पताल में भारी लापरवाही और मरीजों के साथ किए जा रहे दुर्व्यवहार की शिकायतों पर मंत्री ने गहरी नाराजगी व्यक्त की और संबंधित अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई।

मरीजों का दर्द सुन भावुक और सख्त हुईं मंत्री
अस्पताल के विभिन्न वार्डों का जायजा लेते हुए कैबिनेट मंत्री ने वहां भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से सीधा संवाद किया। इस दौरान मरीजों ने उपचार में देरी, दवाइयों की कमी और स्टाफ द्वारा किए जा रहे अमर्यादित व्यवहार की जानकारी दी। तथ्यों को सामने पाकर मंत्री राजवाड़े ने प्रबंधन के प्रति कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए स्पष्ट किया कि सुशासन की सरकार में आम जनता और मरीजों की सुरक्षा व सम्मान से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

दोषियों पर होगी कड़ी कार्रवाई
मंत्री ने मौके पर मौजूद उच्चाधिकारियों को निर्देश दिए कि तत्काल स्थिति में सुधार लाया जाए और मरीजों को गुणवत्तापूर्ण उपचार उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि जो भी कर्मचारी या अधिकारी अपनी जिम्मेदारी निभाने में लापरवाही बरत रहे हैं, उन पर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए।

संगठन और प्रशासन की मौजूदगी
इस औचक निरीक्षण के दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष मुरली मनोहर सोनी जी, भाजपा के वरिष्ठ पदाधिकारी, बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारीगण मुख्य रूप से उपस्थित रहे।

मुख्य बिंदु :
औचक निरीक्षण: बिना किसी पूर्व सूचना के जिला अस्पताल पहुँचीं कैबिनेट मंत्री।
जीरो टॉलरेंस: सुशासन सरकार में लापरवाही के लिए कोई जगह नहीं।
सख्त निर्देश: उपचार की गुणवत्ता और स्टाफ के व्यवहार में सुधार के आदेश।
आमजन से संवाद: मरीजों की समस्याओं को प्राथमिकता से सुना गया।








