
पिल्खाभूमि अंबिकापुर। सरगुजा संभाग में सूरज की तपिश और भीषण गर्मी ने आम जनजीवन को झकझोर कर रख दिया है। पारा चढ़ने के साथ ही सड़कों पर सन्नाटा पसरने लगा है, लेकिन ऐसी विषम परिस्थितियों में भी पुलिस के जवान और ट्रैफिक कांस्टेबल शहर की व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए अंगारों की तरह तपती सड़कों पर डटे हुए हैं।

रेंज आईजी और एसपी के कड़े निर्देश: स्वास्थ्य सुरक्षा के साथ निभाएं कर्तव्य
भीषण गर्मी की गंभीरता को देखते हुए सरगुजा रेंज आईजी और पुलिस अधीक्षक (SP) द्वारा विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। अधिकारियों ने निर्देशित किया है कि इस चिलचिलाती धूप में तैनात सभी जवान बारी-बारी (रोटेशन) से अपनी ड्यूटी करेंगे ताकि शारीरिक थकान और अत्यधिक गर्मी का असर उन पर न पड़े। साथ ही, जवानों को डिहाइड्रेशन (पानी की कमी) से बचने के लिए लगातार पानी पीने, नींबू पानी या ओआरएस (ORS) का उपयोग करने की सख्त हिदायत दी गई है। अधिकारियों का स्पष्ट संदेश है कि सुरक्षा के साथ-साथ जवानों का स्वास्थ्य भी सर्वोपरि है।
प्रमुख चौकों पर मुस्तैदी की मिसाल
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में शहर के प्रमुख चौकों पर ट्रैफिक पुलिस के जवान पूरी गंभीरता के साथ अपनी ड्यूटी निभा रहे हैं:
- अम्बेडकर चौक: यहाँ आर० 851 प्रदीप खालखो तैनात हैं और सुचारू आवागमन सुनिश्चित कर रहे हैं।
- गांधी चौक: यहाँ आर० 449 कुंजलाल सोरी यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए हुए हैं।
- महामाया चौक: यहाँ आर० 617 संजीत मिर्रे ट्रैफिक नियंत्रित कर रहे हैं।
- बिलासपुर चौक: यहाँ आर० 857 हरदयाल सिंह यातायात व्यवस्था को संभालने में लगे हुए हैं।

स्वास्थ्य की चिंता छोड़, जनता की सुरक्षा सर्वोपरि
भीषण गर्मी में घंटों खड़े रहने से स्वास्थ्य संबंधी जोखिम बढ़ जाते हैं, बावजूद इसके प्रशासन के ये सिपाही बिना रुके मोर्चा संभाले हुए हैं। स्थानीय नागरिकों ने पुलिस के इस समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि जब लोग घरों में कूलर और एसी के नीचे छिपे हैं, तब ये जवान धूल और धुएं के बीच सड़कों पर व्यवस्था बना रहे हैं, ताकि किसी को जाम या दुर्घटना का सामना न करना पड़े।
प्रशासनिक मुस्तैदी और मानवीय चेहरा
इन प्रमुख चौकों पर तैनात पुलिस कर्मी न केवल यातायात संभाल रहे हैं, बल्कि प्यास से बेहाल राहगीरों की मदद करते हुए मानवीय चेहरा भी पेश कर रहे हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा जवानों के लिए शीतल जल और अन्य आवश्यक सुविधाओं की निगरानी भी की जा रही है।
कड़ी धूप में वर्दी का यह फर्ज अंबिकापुर की जनता के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है, जो हमें यह याद दिलाता है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए हमारे जवान कितनी बड़ी चुनौतियों का सामना करते हैं।
ब्यूरो रिपोर्ट: पिल्खा भूमि







